Beetroot Benefits and Side Effects - Beetroot ke fayde aur nuskan

Beetroot health benefits: एनीमिया की बीमारी को दूर करने के लिए चुकंदर का इस्तेमाल सबसे ज्यादा लाभदायक है. चुकंदर में पर्याप्त मात्रा में आयरन, विटामिन और मिनरल्स होते हैं, जो खून को बढ़ाने और उसे साफ करने का काम करते हैं.

Beetroot Benefits, Uses and Side Effects

अपने गहरे लाल रंग के लिए लोकप्रिय चुकंदर स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद माना जाता है। शरीर में हीमोग्लोबिन की मात्रा बढ़ानी हो या सौंदर्यता बरकरार रखनी हो, चुकंदर हर तरीके से फायदा पहुंचाता है।

यह जीनस बीटा वल्गेरिस की किस्मों में से एक है और पौधे का जड़ वाला हिस्सा होता है। इसका सेवन अक्सर सलाद और जूस के रूप में किया जाता है।

सबसे पहले चुकंदर की खेती रोम में की गई थी। हालांकि, उस समय केवल पशु चारे के रूप में इसका इस्तेमाल किया जाता था।

छठी शताब्दी के बाद चुकंदर के स्वास्थ्यवर्द्धक फायदों का पता चला और इसके बाद ये हमारे आहार का अहम हिस्सा बन गया। 19वीं शताब्दी के मध्य में वाइन में रंग के लिए चुकंदर के रस का इस्तेमाल किया जाता था।

चुकंदर का पूरा पौधा एवं इसका प्रत्येक हिस्सा खाने योग्य होता है।
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इसकी लोकप्रियता का एक कारण यह भी है कि इसे कई तरह से खाया जा सकता है। चुकंदर को कच्चा, भूनकर या उबालकर खा सकते हैं। इसका अचार भी बनाया जाता है।

इसकी सब्जी बनाकर भी खा सकते हैं। इसके अलावा चुकंदर का जूस भी बहुत फायदेमंद होता है।

भोजन के साथ सलाद के तौर पर सेवन करने के अलावा चुकंदर का प्रयोग औषधि और फूड कलर के रूप में भी किया जाता है। इसका रंग इतना गहरा होता है कि सेवन करने के बाद जीभ भी लाल रंग की नजर आती है।

विभिन्न भाषाओं में इसके अलग-अलग नाम हैं, जैसे अंग्रेजी में बीटरूट, स्पेनिश में ला रेमोलाचा (la remolacha) और चीनी भाषा में हांग कै टू (Hong cai tou)।

इस लेख में हम चुकंदर के विभिन्न शारीरिक फायदों और इसे इस्तेमाल करने के तरीकों को बारे में विस्तार से बताएंगे।
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चुकंदर के फायदे – Health Benefits of Beetroot in Hindi

Beetroot Benefits, Uses and Side Effects
Beetroot Benefits, Uses and Side Effects

1. Beetroot Benefits For Anemia In Hindi

प्रोटीन, लोहा और विटामिन के अपर्याप्त सेवन के कारण एनीमिया होता है। कभी-कभी, कुछ दुर्घटना या चोट के कारण भारी मात्रा में रक्त की कमी से भी एनीमिया हो सकता है।

अन्य कारणों में शराब, गुर्दे की समस्या ,गर्भावस्था,  थैलेसेमिया , भारी रक्तस्राव और बी 12 की कमी शामिल है। ये कारण अच्छी तरह से ज्ञात हैं इसलिए यह स्पष्ट है कि इलाज लगभग सभी कारणों से निपट सकता है।

खैर, उपाय ऐसा होना चाहिए कि शरीर के ऊतकों में ऑक्सीजन की कमी के लक्षणों जैसे थकान , पीलापन, कमजोरी , ऊर्जा की कमी, और सांस की तकलीफ को कम कर दे।

खैर, एनीमिया के लिए ऐसा एक उपचार बीटरूट है, जो सबसे किफायती और भरोसेमंद प्राकृतिक उपचार है।

चुकंदर का उपयोग हमारे शरीर में खून बढ़ाने के लिए बहुत उपयोगी है। चुकंदर में आयरन प्रचुर मात्रा में पाया जाता है जिस के कारण यह लाल रक्त कोशिकाओं को सक्रिय और शरीर में इस की संख्या बढ़ाने में मदद करता है।

यह एनीमिया रोग में बहुत ही उपयोगी होता है। इसके सेवन से हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है।

2. Beetroot Benefits For Brain In Hindi

अधिक उम्र के लोगों के मस्तिष्क में ऑक्सीजन का प्रवाह कम हो जाता है।

चुकंदर को उच्च नाइट्रेट आहार के रूप में उपभोग करने से मस्तिष्क में रक्त प्रवाह बढ़ सकता है, क्योंकि नाइट्राइट्स के कारण रक्त वाहिकाओं की चौड़ाई बढ़ती है और ऑक्सीजन की कमी वाली जगहों में रक्त और ऑक्सीजन का प्रवाह बढ़ जाता है।

चुकंदर का उपयोग हमारे दिमाग़ में ऑक्सीजन के प्रवाह को बनाए रखता है जिससे दिमाग़ में रक्त का संचार सुचारू रूप से होता है।

चुकंदर में कोलीन (choline) नामक पोषक तत्व होता है जो हमारी याद रखने की क्षमता को बढ़ाता है और याददाश्त को तेज रखने में मदद करता है। इससे पागलपन के दौरे को भी ख़त्म करने में भी मदद मिलती है।

3. Beetroot Benefits For Skin In Hindi

उम्र के बढ़ने के साथ त्वचा का ढीलापन एक आम समस्या होती है लेकिन आप इस समस्या को चुकंदर का सेवन कर दूर कर सकते हैं। चुकंदर में विटामिन ए और कैरोटीन होते हैं जो आपको अंदर से लाभ पहुंचाते हैं।

इसके अलावा चुकंदर में शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट भी होते हैं जो आपके फ्री रेडिकल और झुर्रियों को कम करने में मदद करते हैं।

एक अध्ययन के मुताबिक चुकंदर में उत्कृष्ट एंटी एजिंग गुण हैं। चुकंदर में पाए जाने वाले गुण उम्र बढ़ने के साथ त्वचा के ढीलेपन का विरोध करती हैं और आपको अधिक सुंदर और निखरी त्वचा प्रदान करते हैं।
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4. ब्लड शुगर लेवल कम करता है

चुकन्दर नाइट्रेट्स (nitrates) का एक अच्छा स्रोत है, इसका सेवन किए जाने पर ये नाइट्राइट्स (nitrites) और एक गैस नाइट्रिक ऑक्साइड्स (nitric oxides) में बदल जाता है।

ये दोनों तत्व धमनियों को चौड़ा करने और ब्लड प्रेशर को कम करने में मदद करता है। शोधकर्ताओं ने ये भी पाया है कि हर रोज़ 500 ग्राम चुकन्दर खाने से लगभग 6 घंटे में व्यक्ति का ब्लड प्रेशर घट जाता है।

5. ख़राब कोलेस्ट्रॉल कम करता है

चुकन्दर में काफी मात्रा में फाइबर, फ्लेवेनॉइड्स (flavanoids) और बेटासायनिन (betacyanin) होता है। बेटासायनिन की वजह से ही चुकन्दर का रंग लाल-बैंगनी होता है। यह एक शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट है।

यह एलडीएल कोलेस्ट्रॉल का ऑक्सीकरण कम करने में मदद करता है जिसकी वजह से यह धमनियों में नहीं जमता। इससे दिल के दौरे का जोखिम कम हो जाता है।

6. गर्भवती महिलाओं और भ्रूण के लिए फायदेमंद

चुकन्दर में उच्च मात्रा में फॉलिक एसिड पाया जाता है। यह पोषक तत्व गर्भवती महिलाओं और उनके अजन्म बच्चों के लिए महत्वपूर्ण होता है क्योंकि इससे अजन्म बच्चे का मेरुदंड बनने में मदद मिलती है। चुकन्दर गर्भवती महिलाओं को अतिरिक्त ऊर्जा देता है।

7. डायबिटीज़ पर नियंत्रण

जिन लोगों को डायबिटीज़ होती है वो चुकन्दर खाकर अपने मीठे की तलब मिटा सकते हैं। इसको खाने का फायदा ये होता है कि मीठे की तलब पूरी होने पर भी ये आपका ब्लड शुगर लेवल नहीं बढ़ाता क्योंकि ये ग्लाइसेमिक इंडेक्स वेजिटेबल (glycaemic index vegetable) है।

इसका अर्थ ये है कि ये खून में बहुत धीरे-धीरे शुगर रिलीज़ करती है। इसमें बहुत कम कैलोरी होती है और इसका फैट-फ्री होना भी इसे डायबिटीज़ के मरीजों के लिए परफेक्ट वेजिटेबल बनाता है।

8. सेक्शुअल हेल्थ और स्टैमिना बढ़ाने वाला

चुकन्दर को नेचुरल वियाग्रा भी कहा जाता है। पुराने ज़माने में इसका इस्तेमाल यौन स्वास्थ्य के लिए किया जाता है।

चुकन्दर नाइट्रिक ऑक्साइड रिलीज़ करता है जिससे कि रक्त वाहिनियों का विस्तार होता है और जेनेटल्स में खून का दौरा बढ़ता है। इसके अलावा, चुकन्दर में बहुत अधिक मात्रा में एक केमिकल बोरॉन (boron) पाया जाता है जो कि ह्यूमन सेक्स हार्मोन के निर्माण में मददगार होता है।

इसलिए अगर अगली बार वियाग्रा लेने का सोचें तो पहले चुकन्दर ट्राई कर लें।

9. Beetroot Benefits for bones

चुकंदर के पत्तों में भरपूर मात्रा में कैल्शियम पाया जाता है. ये शरीर का विकास और हड्डियों का विकास में फायदेमंद है. चुकंदर के 100 ग्राम पत्ते में 99 मिलीग्राम कैल्शियम पाया जाता है.

10. Beetroot For Digestion In Hindi

नियमित रूप से चुकंदर खाने के फायदों में पाचन सुधार एक मुख्य रूप से जाना जाता है। दैनिक रूप से चुकंदर का सेवन पाचन और रक्त की गुणवत्ता में सुधार के लिए जाना जाता है।

अध्ययन में पाया गया है कि सफेद चुकंदर का रस यकृत और प्लीहा के अवरोधों को खत्म कर देता है।

लाल चुकंदर खाने से पाचन तंत्र और रक्त से संबंधित बीमारियों के उपचार में सहायता प्राप्त होती है

जब पेट के स्वास्थ्य की बात आती है तो चुकंदर का इसमें प्रमुख स्थान होता है क्योंकि चुकंदर का उपयोग सदियों से कब्ज और अन्य पेट से संबंधित बीमारियों का इलाज करने के लिए किया जाता है।

चुकंदर फाइबर का अच्छा स्रोत होता है जो आंत की सफाई करने का कार्य करता है और साथ ही साथ पाचन तंत्र में सुधार के साथ समग्र स्वास्थ्य को बढ़ाता है।

11. Beetroot benefits for hair in hindi

आप चुकंदर का उपयोग अपने बालों और सिर की खुजली को दूर करने के लिए भी कर सकते हैं। चुकंदर उन चुनिंदा घरेलू उपायों में से एक है जो आपके सिर की खुजली को दूर कर सकता है।

चुकंदर का उपयोग करने के लिए आप कुछ चुकंदर के टुकड़ों को लेकर पानी के साथ उबाल लें और इस उबले हुए पानी से अपने सिर की मसाज करें।
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इसके साथ आप एक अन्य तरीके में कुछ चुकंदर के टुकड़ों के साथ सेब के सिरके और कुछ अदरक के टुकड़ों को मिला सकते हैं और अपने सिर पर लगा सकते हैं। इस प्रकार बने पेस्ट को सिर पर लगाने के 20 मिनट बाद इसे अच्छे पानी से धो लें।

Beetroot Side Effects in Hindi

आपने ऊपर जाना चुकंदर खाने के फायदे बहुत अधिक है किंतु इसका यह मतलब नहीं है कि आप इसका अधिक मात्रा में सेवन करें चुकंदर का एक निश्चित मात्रा में सेवन लाभदायक होता है आइए जानते हैं चुकंदर खाने के नुकसान क्या हैं

प्रतिदिन चुकंदर की एक निश्चित मात्रा का सेवन करना ही लाभदायक होता है

आप इसे सलाद के रूप में खा सकते हैं या फिर आप इसे जूस के रूप में लेते हैं तो प्रतिदिन लगभग 200 से 250 मिलीलीटर ही लेना लाभदायक होता है।

जो व्यक्ति कम रक्तचाप की समस्या से परेशान है उन्हें चुकंदर के सेवन से बचना चाहिए।

चुकंदर का ज्यादा सेवन करने से आपके यूरिन का कलर लाल या पिंक हो सकता है यह कंडीशन विटुरिया के नाम से जानी जाती है इसलिए अधिक मात्रा में चुकंदर का सेवन करने से बचना चाहिए।

यदि आपको कैल्शियम ऑक्सलेट से संबंधित पथरी की कोई समस्या है तो आपको चुकंदर के जूस का सेवन नहीं करना चाहिए। क्योंकि चुकंदर में ऑब्जेक्ट की मात्रा अधिक होती है। जो आपके यूरिन में पथरी के निर्माण को बढ़ा सकती है।

चुकंदर में फाइबर की मात्रा अधिक होती है इसलिए अधिक मात्रा में चुकंदर का सेवन करने से मितली और दस्त और कब्ज की समस्या हो सकती है